Hamirpur/ UP (29 अक्टूबर 2026) : उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जनपद से एक अनोखा और गंभीर मामला प्रकाश में आया है। यहाँ एक मुकदमे की विवेचना अपनी पसंद के अनुसार कराने और मामले को आर्थिक अपराध अनुसंधान संगठन (EOW) या सीबीसीआईडी (CB-CID) में स्थानांतरित करवाने के लिए पुलिस पर लगातार अनुचित दबाव बना रहे वादी के खिलाफ ही कोतवाली नगर में सख्त धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। वादी पर सोशल मीडिया के माध्यम से पुलिस पर दबाव बनाने और थाने तथा पुलिस अधीक्षक कार्यालय परिसर में आत्मदाह का प्रयास करने का गंभीर आरोप है।
इस पूरे प्रकरण की शुरुआत 30 जनवरी 2026 को हुई थी, जब प्रियांशु गुप्ता (पुत्र सत्य प्रकाश गुप्ता, निवासी-सुनराई गली, हमीरपुर) ने कोतवाली नगर थाने में सुरेंद्र कुमार सोनी और राजेंद्र कुमार सोनी के खिलाफ धोखाधड़ी और यूपी विनिमय अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले में पुलिस ने निष्पक्ष विवेचना करते हुए 15 अप्रैल 2026 को दोनों नामजद आरोपियों के विरुद्ध अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी थी।
चार्जशीट दाखिल होने के बाद वादी प्रियांशु गुप्ता ने जांच प्रक्रिया पर असंतोष जताया और कुछ बिंदुओं पर पुनः विवेचना की मांग की, जिस पर पुलिस ने संज्ञान लेते हुए मामले की जांच अपराध शाखा को ट्रांसफर कर दी थी। इसके बावजूद वादी संपूर्ण मामले की जांच EOW या CB-CID से कराने की जिद पर अड़ गया और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ के जरिए पुलिस प्रशासन पर दबाव बनाने लगा।
प्रशासनिक दस्तावेजों के मुताबिक, अपनी मांग मनवाने के लिए उसने 18 सितंबर 2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय की स्थानीय अभिसूचना शाखा में पहुंचकर अपने ऊपर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आत्महत्या का प्रयास किया, जिसे वहां मुस्तैद पुलिसकर्मियों ने सूझबूझ दिखाते हुए विफल कर दिया। इसके कुछ दिनों बाद, 27 अक्टूबर 2026 को दोपहर करीब 3:30 बजे उसने दोबारा कोतवाली नगर थाने के प्रांगण में पहुंचकर ज्वलनशील पदार्थ उड़ेलकर आत्मदाह की कोशिश की।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वादी को कई बार विधिक प्रावधानों और नियमों से अवगत कराया गया, किंतु वह मनोवांछित परिणाम हासिल करने के लिए पुलिस बल को उनके शासकीय कर्तव्यों के निर्वहन से रोकने और भयमुक्त माहौल को बाधित करने का प्रयास कर रहा था। इसी के चलते 29 अक्टूबर 2026 को कोतवाली नगर थाने में सख्त कानूनी धाराओं (बीएनएस की धारा 226 आदि) के तहत नया मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है।



