Washington / New Delhi (19 अक्टूबर 2026): अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे भीषण युद्ध को लेकर एक तीखा और स्पष्ट बयान दिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर अपनी बात रखते हुए ट्रंप ने कहा कि वे दोनों देशों के बीच शांति वार्ता कराने की दिशा में प्रयास कर रहे हैं और वह ऐसा कोई भी कदम नहीं उठाना चाहते, जिससे रूस बातचीत की मेज से पीछे हट जाए।
“रूस बातचीत से पीछे न हटे, इसलिए बरत रहे हैं सावधानी”
डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी पोस्ट में लिखा:
“रूस को लेकर मेरा फ़ैसला बहुत स्पष्ट है। मैं रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध को ख़त्म करने और शांति लाने के लिए बातचीत कर रहा हूं। मैं ऐसा कुछ नहीं करना चाहता, जिससे रूस बेवजह बातचीत की मेज़ से दूर चला जाए।”
इसके साथ ही उन्होंने यह भी जोड़ा कि रूस, ईरान की मदद करने के मामले में जितना कर सकता है, उससे काफी कम कर रहा है और वे चाहते हैं कि स्थिति ऐसी ही बनी रहे, बशर्ते कोई इसमें बेवजह रुकावट न डाले।
ज़ेलेंस्की की कार्यशैली और डीज़ल रिफाइनरी हमलों पर निशाना
ट्रंप ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि वे रूस की डीजल रिफाइनरियों को निशाना बना रहे हैं।
बाजार पर असर: ट्रंप के मुताबिक, इन हमलों से अमेरिका सहित दुनियाभर के डीजल बाजार पर बुरा असर पड़ रहा है, जिससे देश के किसानों, पशुपालकों और व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
युद्ध खत्म न करने का आरोप: ट्रंप ने दावा किया कि यूरोप और अमेरिका (बाइडेन प्रशासन के दौरान) से भारी-भरकम वित्तीय मदद मिलने के बावजूद जेलेंस्की युद्ध खत्म करने के इच्छुक नहीं हैं। दो साल पहले वे कहीं बेहतर समझौते की स्थिति में थे।
यूक्रेन की बर्बादी: ट्रंप ने दुख जताते हुए कहा कि युद्ध के कारण यूक्रेन का एक बड़ा हिस्सा हाथ से निकल चुका है, उनके समुद्र और महासागर छिन चुके हैं और देश में पुरुषों की भारी कमी हो गई है। कई लोग मारे जा चुके हैं या घायल हैं, इसलिए वे इस युद्ध को जल्द से जल्द खत्म देखना चाहते हैं।
गौरतलब है कि हाल ही में डोनाल्ड ट्रंप द्वारा रूस पर लगाए गए प्रतिबंधों में कुछ ढील देने के ऐलान के बाद यूक्रेन ने अपनी कड़ी नाराजगी जाहिर की थी, जिसके बाद ट्रंप का यह बयान सामने आया है।



